Mon. Oct 3rd, 2022

दुनिया मे सोने डिमांड और रेट दोनों बढ़ते ही जा रहे है.भारत मे सोने का अपना ही महत्वपूर्ण स्थान है. यहां सोने को सिर्फ धन सम्पदा के रूप ही ही बल्कि सांस्कृतिक व धार्मिक कार्यों व सांस्कृतिक मान्यताओं के रूप मे उपयोग किया जाता है. हमारे देश मांग और खपत दोनों बहुत है. लोग इसे अपनी आपातकालीन स्थिति मे उपयोग करने के लिए रखते है.

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    गोल्ड लोन शुरआत कैसे हुई How Gold Loan Started

    पुराने समय से साहूकार या जोहरी व्यापारी  वर्ग ही सोने के सिक्के व ज्वेलरी को ज़मानत (security ) के तौर पे रखते थे. और ब्याज पे पैसा दिया करते थे. परन्तु अशाक्षरता होने के कारण उस गिरवी सोने को दुबारा प्राप्त करना मुश्किल होता था.पहले होने का भाव बहुत ज्यादा nhi था., परन्तु जनसंख्या के साल दर साल बढ़ने से इसकी डिमांड और मूल्यों मे भारी उछाल आया. और आज यह 50000 rs/10 grm के भाव पे जा पहुंचा है.

    लोंगो को सोने के बदले मे पैसे की जरुरत हमेशा से रही है. परन्तु इसका कोई सुरक्षित तरीका नहीं था. परन्तु अब विभिन्न वित्तीय संस्थाओ जिनमे सरकारी बैंक, private बैंक, NBFC संस्थाओ ने Gold loan देना शुरुआत कर सी है और इस लोन पे आकर्षक दर पे लोन दिया जा रहा है.

    गोल्ड लोन क्या है इसे किस प्रकार ले सकते है

    गोल्ड लोन किस प्रकार का लोन है ( What type of loan is gold loan in Hindi)

    ज्वेलरी को किसी वित्तीय (सरकारी बैंक, private बैंक, NBFC) संस्थाओ के पास एक निश्चित समय के लिए गिरवी रखते है. वह संस्था एक निश्चित ब्याज दर पे वह लोन पास करती है. ऋण की राशि कितनी देनी है उसके लिए संस्थाओ के अपने अपने मानक होते है. जिसमे वह वर्तमान बाजार मे सोने का मूल्य. उसके मूल्यों होने वाले बदलाव व उतार चढ़ाव के हिसाब से लोन दिया जाता है.एक पर्याप्त मार्जिन रखने के बाद और सारी कैलकुलेशन करने के बाद ही संस्था लोन अप्रूव करती है.एक अनुमान के हिसाब से वित्तीय संस्थाएं 75%तक के लत्व अनुपात के साथ गोल्ड लोन देते है

    वास्तव मे gold लोन एक प्रकार का सुरक्षित लोन है, इस लोन मे कोई भी व्यक्ति या ग्राहक अपने सोने के सिक्के, सोने की ज्वेलरी को किसी वित्तीय (सरकारी बैंक, private बैंक, NBFC) संस्थाओ के पास एक निश्चित समय के लिए गिरवी रखते है. वह संस्था एक निश्चित ब्याज दर पे वह लोन पास करती है. ऋण की राशि कितनी देनी है उसके लिए संस्थाओ के अपने अपने मानक होते है. जिसमे वह वर्तमान बाजार मे सोने का मूल्य. उसके मूल्यों होने वाले बदलाव व उतार चढ़ाव के हिसाब से लोन दिया जाता है.एक पर्याप्त मार्जिन रखने के बाद और सारी कैलकुलेशन करने के बाद ही संस्था लोन अप्रूव करती है.एक अनुमान के हिसाब से वित्तीय संस्थाएं 75%तक के लत्व अनुपात के साथ गोल्ड लोन देते है

    गोल्ड लोन का LTV क्या होता है{What is LTV of Gold Loan}

    LTV (loan to value )से तात्पर्य यह है की 100 rs के कॉलेन्ट्रल के लिए कोई बैंक 75 rs ( NBFC और private bank)उधार पे देता है. और जेब सोने के दाम गिरते है तो किसी को हाई कॉलेन्ट्रल प्रदान करना पड़ सकता है. अथार्त समान ऋण राशि के लिए अधिक सोना. इस प्रकार के ऋण के लिए न्यूनतम 18 कैरेट शुद्धता के सोने का ही उपयोग किया जाता है . उसमे लगे विभन्न प्रकार सभी नग या मोती हटा दिए जाते है. फिलहाल सरकारी बैंक और NBFC संस्थाओ की ऋण मूल्य LTV रेश्यो 75% है. परन्तु सरकार ने सरकारी बैंको LTV रेश्यो बढ़ाकर को 90%तक करने का निर्णय लिया.

    गोल्ड लोन देने में महत्वपूर्ण बांतो का ध्यान (Important points to be taken care of in giving gold loan in Hindi)

    वित्तीय संस्थान 75-90%तक  लोन देते है. एप्लीक्शन और सवितरण की प्रक्रिया एक दिन मे ही पूरी हो जाती है. सामान्य तौर पे सभी प्रकार के लोन मे  लोन लेने वाले की क्रेडिट हिस्ट्री उसके ओरने लोन, CIBIL Score का ज्यादा ध्यान रखा जाता है. परन्तु gold लोन मे आप सोना गिरवी रखवाते है. इसलिए इन सब का उतना महत्व नहीं रह जाता.

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    उधार लेने  वालो के लिए रिपेमेंट के विकल्प दिए जाते है उनकी सुविधा के लिए. इस पूरी प्रक्रिया के बाद सोने की पूर्ण जिम्मेदारी ऋणदाता की होती है. वर्तमान समय की बात करें तो gold loan की ब्याज दरे कम होने लगी है. COVID की दौरान बहुत से लोगो ने अपना सोना गिरवी रखवा के इलाज करवाया था. इसलिए पिछले और इस साल रिकॉर्ड तोड़ Gold लोन दिया गया. और इसका ब्याज दर क्रेडिट कार्ड व अन्य किसी भी प्रकार के पर्सनल लोन से काफ़ी कम होता है.

    गोल्ड लोन की ब्याज दरों को प्रभावित करने वाले कारक{Factors Affecting Gold Loan Interest in Hindi }

    बाज़ार मे सोने का भाव 

    यदि सोने का भाव  चढ़ता उतरता रहता है इस उतार चढ़ाव के कारण गिरवी रखे सोने के सिक्के आभूषणो का मूल्य भी बढ़ता रहता है. ऐसे मे कर्ज देने वाले आपको कम ब्याज दर की पेशकश करेंगेक्युकी उनका उसमे जोखिम कम हो जाता है. परन्तु यदि आप अपनी EMI भर नहीं पाते है तो बकाया अमाउंट को नीलामी करके वसूल कर सकता है.

    इन्फेलेशन रेट 

    यदि इन्फेलेशन रेट ज्यादा है तो तो करेंसी का मूल्य कम हो जाता है.तो लोग और ज्यादा सोना जमा करते है. सोना महंगाई की स्थिति के विरुद्ध बचाव के रूप मे कार्य करता है.सामान्य रूप से अक्सर यह भी देखा गया है की जब भी share मार्केर्ट और मार्केट मे गिरावट आती है तो. सोने का भाव तेज़ हो जाता है.. और लोग सेफ इन्वेस्टमेंट के रूप पमे सोने को की प्राथमिकता देते है.

    गोल्ड लोन के लिए आवश्यक दस्तावेज(Document required for gold loan in hindi }

    गोल्ड लोन की खास बात यह है की इसमें ग्राहक की आय की स्त्रोत, उसकी सैलरी स्लिप, इनकम tax आदि की आवश्यकता नहीं होती. क्युकी यह एक तरह से उस संस्था के लिए सोने की वस्तु पे सुरक्षित ऋण है. मुख्य रूप से आपके KYC दस्तावेज ही मांगे जाते है जिसमेआईडी proof जैसे आधार कार्ड PAN कार्ड/ पासपोर्ट की प्रति /फॉर्म 60/61/वोटर ID अथवा राशन कार्ड ये सभी प्रकार की ID मान्य है

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    इसके साथ 2पासपोर्ट साइज फोटो और एड्रेस प्रूफ की भी आवश्यकता होती है इसमें भो वोटर id /आधार card/राशनकार्ड अथवा रजिस्टर्ड लिज़ एग्रीमेंट जिसमे मकान मालिक के नाम पे  3महीने से अधिक पुराने बिल ना हो

    SRNoCompany NameRate of Interest on Gold Loan
    1.Canera bank7.65
    2.HDFC BANK9.0%
    3.ICICI BANK9.0 %
    4.IIFL9.24 %
    5.Yes BANK9.99 %
    6.Muthoot Finance12 %
    7.State Bank of India7.30 %

    कृपया सभी पाठक ध्यान दें 

    मै  सभी पाठको से यह कहना चाहता हूँ  की मेरे डाली गयी पोस्ट या भविष्य में डाली जाने वाली सभी पोस्ट के कंटेंट को लिखने से पूर्व सभीओ जानकारियों को एकत्र करके  उन सभी का बेहतर तरीके से अध्ध्यन करके फिर उसे ब्लॉग पे पोस्ट किया जाता है। यह सभी जानकारिया सभी का ज्ञानवर्धन करने व सभी को उचित जानकारी प्रदान कराने के लिए किया जाता है .. चूँकि सरकार  की पॉलिसियों और आर्थिक गतिविधियों मे , बैंक ,म्यूच्यूअल फंड्स,शेयर मार्किट आदि सभी मे  में बहुत से बदलाव आये दिन होते रहते है।

    इसलिए आप स्वयं भी किसी  भी प्रकार के निवेश करने से पूर्व अपने स्तर  पे भी उसकी जाँच  करे व अपने स्वविवेक का उपयोग करने के पश्चात् ही कोई निर्णंय लें।  अतः  भविष्य  होने वाली किसी भी प्रकार  की हानि या किसी भी आर्थिक नुक्सान के  उत्तरदायी WWW.Bazaaraajtak.com या इस ब्लॉग वेबसाइट के ओनर या उसके कोई एम्प्लोयी नहीं होंगे. इसलिए सभी प्रकार जोखिम  के निर्णय स्वयं के स्वविवेक से ले. मेरी और से आप सभी को शुभकामनाये।

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